IES के बाद अब IAS, छात्रों से बोले—लक्ष्य स्पष्ट हो तो सफलता तय

गंगापुर सिटी: श्रीनिवास मिल स्थित विवेकानन्द संस्कार सीनियर सेकेंडरी स्कूल में शनिवार, 14 मार्च 2026 को विद्यालय के पूर्व छात्र अक्षत सिंघल के भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) में चयन होने पर भव्य स्वागत एवं सम्मान समारोह आयोजित किया गया।
विद्यालय परिसर में आयोजित इस समारोह में शिक्षकों, विद्यार्थियों और अभिभावकों ने अक्षत का माला और साफा पहनाकर जोरदार स्वागत किया तथा उनकी इस उपलब्धि को पूरे शहर और विद्यालय परिवार के लिए गर्व का क्षण बताया।

कार्यक्रम में अक्षत सिंघल अपने पिता दिनेश चंद सिंघल और माता रेखा सिंघल के साथ उपस्थित रहे। इस अवसर पर उनके चाचा-चाची डॉ. संतोष सिंघल और रीता सिंघल भी मौजूद रहे।
विद्यालय परिवार ने अक्षत के साथ-साथ उनके माता-पिता और चाचा-चाची का भी माला व साफा पहनाकर सम्मान किया तथा मिठाई खिलाकर शुभकामनाएं दीं।

- 2019 – इंडियन इंजीनियरिंग सर्विस (IES) परीक्षा में 49वीं रैंक
- 6 मार्च 2026 – UPSC सिविल सेवा परीक्षा-2025 में 352वीं रैंक
- भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के लिए चयन
विद्यालय के निदेशक अजय सिन्हा ने कहा कि अक्षत सिंहल ने देश की सबसे कठिन और प्रतिष्ठित मानी जाने वाली संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की परीक्षा को दो बार पास कर विद्यालय और गंगापुर सिटी का नाम रोशन किया है।

उन्होंने बताया कि वर्ष 2019 में अक्षत ने इंडियन इंजीनियरिंग सर्विस (IES) परीक्षा में 49वीं रैंक प्राप्त की थी। इसके बाद 6 मार्च 2026 को घोषित UPSC सिविल सेवा परीक्षा-2025 के परिणाम में उन्होंने 352वीं रैंक हासिल कर IAS के लिए चयन प्राप्त किया।
अक्षत सिंघल ने कक्षा 10वीं तक की पढ़ाई विवेकानन्द संस्कार विद्यालय से की है। विद्यालय के पूर्व छात्र रहे अक्षत बचपन से ही मेधावी, अनुशासित और लक्ष्य के प्रति समर्पित विद्यार्थी रहे हैं।

विद्यार्थियों से साझा किया संघर्ष और सफलता का सफर
समारोह में विद्यार्थियों से रूबरू होते हुए अक्षत सिंघल ने अपनी पूरी संघर्ष यात्रा साझा की। उन्होंने बताया कि IES में चयन के बाद उन्हें रक्षा मंत्रालय में डिप्टी कंट्रोलर के पद पर नियुक्ति मिली, जहां वे मुंबई में कार्यरत थे।
नौकरी की व्यस्तताओं के बावजूद उन्होंने सिविल सेवा की तैयारी जारी रखी और लगातार प्रयास करते हुए अंततः IAS में चयन प्राप्त किया।

विद्यालय को बताया सफलता की मजबूत नींव
अक्षत ने अपने संबोधन में कहा कि विवेकानन्द संस्कार विद्यालय केवल शिक्षा ही नहीं, बल्कि संस्कार और मजबूत आधार देने वाला संस्थान है।
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय परिवार की ओर से अक्षत को स्मृति-चिन्ह (मोमेंटो) भेंट किया गया। समारोह के दौरान विद्यार्थियों में विशेष उत्साह देखने को मिला और उन्होंने अक्षत से संवाद कर उनके अनुभवों से प्रेरणा ली।
